21 अगस्त 2018 को है मंगला गौरी,जानिए व्रत की कथा एवम इतिहास




हिन्दू धर्म के अनुसार गौरी पूजन प्रत्येक मंगलवार को किया जाता है। गौरी पूजन सौभाग्यवती स्त्रियों के लिए अखंड सौभाग्य का वरदान देता है। हिंदी पंचांग के अनुसार वर्ष का प्रथम गौरी पूजन 21 अगस्त 2018 को मनाया जाएग। माँ गौरी का यह व्रत मंगला गौरी के नाम से विख्यात है। स्त्री अपने पति की लम्बी आयु के लिए मंगला गौरी का व्रत करती है। know mangla gauri story 

गौरी पूजा की कथा know mangla gauri story 

प्राचीन काल में आनंद नगर में धर्मपाल नामक एक सेठ अपनी पत्नी के साथ सुख पूर्वक जीवन-यापन करता था। धर्मपाल के जीवन में धन, वैभव की कोई कमी नही थी, किन्तु उसे केवल एक बात की दुःख हमेशा सताती थी। जो सेठ धर्मपाल के दुःख का कारण बनती थी की उसकी कोई संतान नही थी। know mangla gauri story 

सेठ धर्मपाल खूब पूजा-पाठ तथा दान-पुण्य किया करता था। उसके पूजा-पथ तथा अच्छे कार्यो की कृपा से एक पुत्र प्राप्त हुआ, परन्तु पुत्र की आयु अधिक नही थी। ज्योतिषियों के अनुसार सेठ धर्मपाल के पुत्र की मृत्यु जन्म के सोलहवे वर्ष में साँप डसने के कारण हो जायेगा।अधिक जानकारी के लिए क्लिक करें www.hindumythlogy.org

आरोपी के खिलाफ एन.डी.पी.एस एक्ट के तहत मामला दर्ज