शिरडी में तीन दिवसीय साहित्य महोत्सव धूमधाम से समपन्न




अखिल भारतीय सर्वभाषा संस्कृति समन्वय समिति के तत्वावधानमें तीन दिवसीय साहित्य महोत्सव शिरडी धाममें धूमधाम से सम्पन्न हुआ। इस आयोजन के सुत्रधार संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष पं.श्री सुरेश नीरव तथा अध्यक्षता करते हुए स्वच्छता के प्रतीक पद्म-विभूषण, शलाका पुरुष पं. श्री विन्देश्वरपाठक जी एवं उनकी पूरी टीम को जाता है वहीं धर्म के ध्वजवाहक महामण्डलेश्वर स्वामीप्रज्ञानन्द जी महाराज जो मुख्य अतिथि एवं निर्णायक की भूमिका में मंच पर स्वयंशोभायमान थे, को भी जाताहै। sahitya mahoutsav sampann 

कवि सम्मेलन

आयोजन का प्रथम सत्रउद्घाटन समारोह, दीप-प्रज्वलनके साथ, आगतअतिथियों के सम्मान स्वरुप माल्यार्पण, अंग वस्त्र के साथ प्रतीक चिन्हअर्पित किए जाने के उपरान्त पं. सुरेश नीरव जी द्वारा लिखित नवीन व्यंग रचना”नेता जी नर्क में” के विमोचन के बीच हुआ। यह संग्रह समकालीन सामाजिक, राजनैतिक हलचलों का एक रोचक एवंपठनीय दस्तावेज बन पड़ा है। जिसे डायमंडपॉकेट बुक्स,नई दिल्ली ने प्रकाशित किया है।यह संग्रह निश्चित रूप से पठनीय एवंसंग्रहणीय है। इश आयोजन में धर्म और राजनीति का अंत:सम्बन्ध पर भी चर्चा हुई  । sahitya mahoutsav sampann 

इस अवसर पर कई साहित्यमनिषियों का भी सम्मानित किया गया जिसमें सर्व श्री प्रो० डॉ० शम्भू सिंह मनहर, डॉ० पुष्पा जोशी, डॉ० रामवरण ओझा, डॉ० मधु मञ्जरी, डॉ० क़ाज़ी तनवीर, जयप्रकाश विलक्षण, डॉ० वीणा मित्तल, डॉ० नीलम शर्मा, शिवनरेश पाण्डेय, मुनीश भाटिया घायल, श्याम स्नेही, प्रदीप जैन, डॉ० नीलम शर्मा, सुश्री सुनीता श्रुति श्री, अनीता पाण्डेय, सृजन चतुर्वेदी, व्यंग्य शिल्पी प्रकाश प्रलय, नम्रता श्रीवास्तव, डॉ० मधुलिका सिंह, राजेश मंडार, प्रभा शर्मा, डॉ० रूचि चतुर्वेदी, डॉ० मधु मिश्रा आदि प्रमुख रहे । sahitya mahoutsav sampann 

तीसरे दिन एवं अंतिम सत्र मे सर्वभाषासंस्कृति समन्वय समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित सुरेश नीरवके संचालन में एक सरस कवि सम्मेलन का भी आयोजन किया गया जिसमें देशके विभिन्न क्षेत्रों से पधारे कवियो ने हिस्सा लिया। sahitya mahoutsav sampann 

मातृ दिवस पर लाल बिहारी लाल के दोहे

जिसमें सर्व श्री डा. रुचि चतुर्वेदी [आगरा], डॉक्टर शंभू सिंह मनहर[खरगौन], रामवरण ओझा [ग्वालियर], प्रकाश प्रलय [कटनी], डॉक्टर मधूलिका सिंह, डॉक्टर क़ाज़ी तनवीर [ग्वालियर], गुरुग्राम से आचार्य श्याम स्नेही तथा कौमुदी ,मुनीषभाटिया घायल [हांसी], राकेश पांडेय [दिल्ली], मधु चतुर्वेदी [गजरौला], नोएडा से जयप्रकाश विलक्षण तथा डा. पुष्पा जोशी,सुनीताश्री [गाजियाबाद], राकेश पांडेय, प्रदीप जैन [दिल्ली], राजेश मंडार [बागपत] तथा इस कवि सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे पद्मभूषण ड़ा. विन्देश्वर पाठक द्वाराकाव्य पाठ के साथ ही इस समारोह का समापन किया गया। sahitya mahoutsav sampann 
( लाल बिहारी लाल )