भारत माता डायन है : आजम खान




कहते है ना मेरी बिल्ली मुझे ही म्याऊं। इस कहावत को विपक्षी सच साबित करते है। जब अभी देश प्रेम अथवा देश हित की बात होती है तो ये विपक्षी नेता कुछ इस तरह का बयान देते है। जिससे पैरो तले जमीन खिसक जाती है। आजकल कुछ ऐसा ही सभी जगह पढ़ने को मिल रहा है। यदि शरद यादव के बयान पर विचार किया जाये तो निष्कर्ष निकलता है कि ये नेता जानबूझकर ऐसा भाषणबाजी करते है। bharat mata ki jai bolna pdega 

शरद यादव ने बिहार की राजधानी पटना के एक सभा में कहा कि बेटी की इज्जत चली जाये तो गम नहीं करना चाहिए। बेटी की इज्जत से बढ़कर वोट की इज्जत होती है। शायद, शरद यादव अपने परिवार को अपने बयान से अलग रखकर भाषण दिया था। शरद यादव यही पर नहीं रुके। bharat mata ki jai bolna pdega 

उन्होंने अपने भाषण में कहा कि बेटी की इज्जत चली जाने से केवल गांव और मोहल्ले की इज्जत जाती है लेकिन एक बार वोट बिक जाये तो देश की इज्जत चली जाती है। समझ नहीं आया कि शरद यादव अच्छे वक्ता होकर भी मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति है। bharat mata ki jai bolna pdega 

भारत माता को ही डायन बता दिया

ये केवल शरद यादव की नहीं बल्कि सभी विपक्षी नेता की सोच है। तभी तो पूर्व में मुलायम सिंह यादव ने रेप को लेकर एक विवादस्पित बयान दिया था। वो भी सुर्खी में बने रहने के लिए अजीबोगरीब बयान देते रहे है।

मुम्बई हाई कोर्ट ने जब तीन रेपिस्ट को फांसी की सजा सुनाई थी तो मुलायम सिंह ऐसे गिड़गिड़ाये लगा। वो तीनों रेपिस्ट इनके रिश्तेदार थे। मुलायम सिंह ने अपने बयान में कहा था कि लड़कों से गलतियां हो जाती है। इसका मतलब ये नहीं है उन्हें फाँसी दे दी जाए। अब मुलायम सिंह के बयान से ऐसा लगता है कि महिलाएं केवल उपभोग की वस्तु है। यदि कोई गलती करता है तो उसका निष्पक्ष जाँच होने के बाद भी अगर वो गलत साबित होता है तो उसे सजा अवश्य मिलनी चाहिए। bharat mata ki jai bolna pdega 

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जबकि सपा के आजम खान ने तो हद ही कर दी। उन्होंने तो भारत माता को ही डायन बता दिया। ये बात उस वक्त की है जब देश में भारत माता की जय बोलने पर बल दिया जा रहा था। हालांकि, मोदी सरकार ने इस तरह का कोई कानून पास नहीं किया था। जिसमें मुसलमानो को भारत माता की जय बोलने के लिए मजबूर किया गया, लेकिन आजम खान ने आग को हवा देकर भारत माता को ही डायन बता दिया। जिसके बात ओवैसी ने भी विवादस्पित बयान दिया। bharat mata ki jai bolna pdega 

अपने भाषण में ओवीसी ने कहा कि यदि मेरे गर्दन पर चाकू भी रख दोगो तो भी मैं भारत माता की जय नहीं बोलूंगा। देश में  इस तरह की संकीर्ण विचारधारा नेताओं के मन में है तो ये देश के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है। जरुरत है कि संविधान में बदलाव लाकर ऐसे नेताओं की सदस्यता खत्म कर दी जाए।  bharat mata ki jai bolna pdega