देश को बुलेट की नहीं टॉयलेट की ज्यादा जरुरत है : अखिलेश यादव




उत्तर प्रदेश के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने बुलेट ट्रैन को लेकर पीएम मोदी की आलोचना की है। उन्होंने पीएम मोदी को निशाना बनाते हुए कहा, पीएम मोदी ने पहले टॉयलेट पर ध्यान दिया। फिर कुछ दिन बाद उसे भूल गये। अब बुलेट पर ध्यान दे रहे है। आने वाले दिनों में मोदी सरकार इसे भी भूल जायेंगे। desh ko bullet ki nahi toiler ki jarurat hai 

जानिए क्या है बुलेट ट्रैन की खासियत और स्टोरी

यदि पीएम मोदी के स्वच्छ भारत अभियान की बात की जाये तो वो पूरी तरह से फ्लॉप हो गयी है।2 अक्टूबर 2014 को जिस जोश और उत्साह से पीएम मोदी ने स्वच्छ भारत अभियान की शुरुवात की थी। उस पर अब मोदी सरकार ध्यान नहीं दे रही है। तो बुलेट ट्रैन पर कैसे ध्यान देगी। desh ko bullet ki nahi toiler ki jarurat hai 

बुलेट ट्रैन की शुरुवात अहमदाबाद से ही क्यों की

इसी प्रकार आज भले ही पीएम मोदी ने देश को बुलेट दिया है लेकिन ये भी स्वच्छता भारत अभियान की तरह ठन्डे बस्ते में चला जाएगा। लोग बुलेट ट्रैन को लेकर उत्साहित है लेकिन ये पूरी तरह से देशवासी के साथ छलावा है। क्योंकि यदि बुलेट ट्रैन शुरू ही करनी थी तो यूपी, बिहार से करनी चाहिए थी। यदि बिहार, यूपी से बुलेट ट्रैन शुरू होती तो देश को इससे ज्यादा फायदा होता। desh ko bullet ki nahi toiler ki jarurat hai 

झरते बालों को फिर से उगाना है तो इसे खाएं या लगाएं

उन्होंने कहा कि जब यूपी में सपा की सरकार थी तो पीएम मोदी अखिलेश सरकार पर आरोप लगाते थे कि राज्य सरकार हर योजना को इटावा या सैफई से क्यों शुरू करते है। आज हम पीएम मोदी से पूछना चाहते है कि आपने बुलेट ट्रैन की शुरुवात अहमदाबाद से ही क्यों की।desh ko bullet ki nahi toiler ki jarurat hai 

अखिलेश यादव यही पर नहीं रुके। उन्होंने पीएम मोदी के साबरमती स्नेह पर भी तंज़ कसते हुए कहा आप पीएम शिंजो आबे के साथ साबरमती नदी के किनारे पर बैठते है। जबकि आप वाराणसी के सांसद है। तो गंगा नदी को कैसे भूल गये।बता दें कि देश की पहली बुलेट ट्रैन की आधारशिला पीएम मोदी और जापानी पीएम शिंजो आबे के द्वारा रखी जा चुकी है। यह ट्रैन अहमदाबाद से मुंबई के बीच चलेगी। यह ट्रैन प्रस्तावित 12 स्टेशनों से होकर गुजरेगी। desh ko bullet ki nahi toiler ki jarurat hai