चीन अपनी औकात में रहे भारत के अंदरूनी मामले में दखल न दे : किरिन रिजिजू




चीन इस बात को कभी पचा नहीं पा रहा है कि दलाईलामा को भारत क्यों शरण दिए हुए है। तिब्बत पर चीन ने कब्जा जमाया है जिसके विरोध दलाईलामा लगातार कर रहे हैं। जब चीन ने तिब्बत पर कब्जा किया था दलाईलामा ने भागते हुए भारत में मानवीय आधार पर शरण लिए हुए हैं। जिसके बाद से वे यहीं रह रहे हैं। kirin rijiju slams china 

भारत चीन के दबाव में आने वाला नहीं है

धर्म गुरु दलाईलामा का 4 अप्रैल से अरुणाचल प्रदेश के दौरे पर हैं। जिसको लेकर चीन भारत पर आंख तेरर रहा है। चीन का कहना है कि दलाईलामा को ज्यादा तरजीह ना दे। चीन के अनुसार दलाईलामा अलगाववादी हैं। अरुणाचल प्रदेश में दलाईलामा के कई कार्यक्रम हैं जहां से मैकमोहन रेखा कुछ ही दूरी पर है। चीन का मानना है कि अरुणाचल प्रदेश तिब्बत का ही हिस्सा है और वह भी चीन का हिस्सा है। इसी कारण से चीन बार बार बोर्डर पर अतिक्रमण करता रहा है। kirin rijiju slams china 

चीन ने जिस प्रकार बयान दिए हैं जिसको लेकर भारत भी अब सख्ती से जवाब दे रहा है। केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किरिन रिजिजू ने साफ कहा है कि चीन की गीदड़ भभकी से हम डरने वाले नहीं है। यह हमारा आंतरिक मामला है। इस पर चीन को कुछ भी बोलने का अधिकार नहीं है। दलाईलामा के दस दिन के अरुणाचल प्रदेश यात्रा से चीन बौखला गया है। उसे लग रहा है कि भारत चीन के प्रति कुछ साजिश करने में जुटा है इसलिए कह रहा है कि अगर दलाईलामा अरुणाचल प्रदेश आए तो चीन भारत के बीच संबंधों पर असर डाल सकता है। kirin rijiju slams china 

मैं मोदी की तरह अनपढ़ नहीं हूँ मुझे एक बार अवश्य देश का पीएम बनाएं : केजरीवाल

भारत ने भी कड़े शब्दों में जवाब देते हुए कहा कि भारत चीन के दबाव में आने वाला नहीं है। चीन बार बार ऐसे बयान देकर डराने की कोशिश करता रहा है लेकिन अब ऐसा संभव नहीं है। भारत किसी भी प्रकार से चीन को जवाब देने को तैयार है। चीन कभी भी यह पचा नहीं पा रहा है कि दलाईलामा को भारत ने शरण क्यों दिए हुए हैं। जिसको लेकर समय समय पर उसकी ऐसी प्रतिक्रिया आती रहती है। kirin rijiju slams china