यदि जाधव की सजा माफ़ होती है तो नवाज़ शरीफ को हो सकती है फांसी




अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में भारत से मात खाने के बाद पाकिस्तान में काफी खलमली मची हुई है। सरकार को जवाब देते नहीं बन रहा है। सेना कभी भी अपने हाथ में सत्ता ले सकती है। कुलभूषण जाधव की फांसी सजा पर अंतरराष्ट्रीय न्यायालय ने रोक लगा दी है जिसके बाद पाकिस्तान सरकार सकते में है। नवाज शरीफ विरोधी दल के निशाने पर पहले से हैं। वहीं सेना एक बार फिर आंखे तरीर रही है। kulbhushan jadhav trail hearing

सेना कभी भी सत्ता पर हावी हो सकता है।

गौरतलब है कि मिलिट्री कोर्ट ने कुलभूषण जाधव को फांसी की सजा सुनाई है। जिसके बाद भारत ने कूटनीति से काम लिया और पाकिस्तान को घेरा। भारत ने बाद में अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में इस मसले को उठाया जिसमें भारत ने यह साफ तौर पर तर्क दिया कि पाकिस्तान ने विएना समझौते का उल्लंघन किया है।पाकिस्तान की हार हुई और फांसी की सजा पर रोक लगा दी। उसके बाद पाकिस्तानी सेना और सरकार के बीच तनातनी हुई है। kulbhushan jadhav trail hearing 

परवेज मुशर्रफ भी लगातार सरकार पर हमले कर रहे हैं

नवाज शरीफ पहले ही पनामा गेट मसले पर विरोधियों के निशाने पर हैं। वहीं बोर्डर पर जिस तरह से लगातार पाकिस्तान सीज फायर का उल्लंघन कर रहा है इसके लिए भी पाकिस्तान सरकार और सेना के बीच तनातनी रही है। जिसमें अलग अलग बयान आते रहे हैं। निश्चततौर पर अगर जाधव को सजा की माफी होती है तो तय है कि नवाज शरीफ की मुसीबतें बढ़ जाएगी। kulbhushan jadhav trail hearing 

पाक सरकार ने कुलभूषण जाधव को फांसी पर लटका दिया है: बीजेपी सांसद

सेना अपने हाथ में देश का कमान ले सकती है। पहले भी नवाज शरीफ एक बार परवेज मुशर्रफ के हाथों सत्ता गंवा चुके थे और उन्हें सत्ता से बाहर कर दिया गया था तब वे निर्वासित जीवन व्यतीत कर रहे थे। अब जब कुलभूषण जाधव का मुद्दा पर पाकिस्तान की हार हुई तो नवाज शरीफ को एक बार फिर सत्ता से हाथ धोना पड़ सकता है। क्योंकि विरोधी उन्हें निशाने पर लिए हुए हैं वहीं परवेज मुशर्रफ भी लगातार सरकार पर हमले कर रहे हैं जिससे सेना कभी भी सत्ता पर हावी हो सकता है। kulbhushan jadhav trail hearing