आप बताओ क्या मैं वाकई में हिन्दू विरोधी और मुस्लिम प्रेमी नेता हूँ !




ये जुमला दिल्ली के सीएम अरविन्द केजरीवाल पर पूरी तरह से फिट बैठता है। जंहा ईद और मुहर्रम पर केजरीवाल मुसलमानों के साथ दिखते है। वही हिन्दू त्यौहार पर केजरीवाल दूर दूर तक किसी पूजा पंडाल घर में नहीं दिखते है। ऐसा कम देखा गया है जब केजरीवाल की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई हो। जिसमें वे हिन्दू मंदिर में दिखे हो। जबकि केजरीवाल हिन्दू धर्म से ताल्लुक रखते है। main hindu virodhi neta hun 

दिल्ली वासी इस दिवाली फटाखे नहीं फोड़ पाएंगे।

हालांकि, भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है। जंहा सभी धर्मो और जातियों को समान अधिकार मिला है। लेकिन केजरीवाल सहित अन्य कई नेता वोट बैंक के लिए मुसलमानों को इफ्तार देने से परहेज नहीं करते है। जबकि हिन्दू पूजा पाठ में शामिल होने से गुरेज करते है। जिसके लिए कई अवसर पर केजरीवाल की जमकर खिचाई भी हुई है। main hindu virodhi neta hun 

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गौरतलब है जब से केजरीवाल दिल्ली के सीएम बने है। देश की राजधानी दिल्ली में कुछ भी अच्छा नही हो रहा है। हालात ये है कि इस दिवाली पर सुप्रीम कोर्ट ने फटाखों की बिक्री पर भी बैन लगा दी है। ध्यान रहे कि पिछले वर्ष भी दिल्ली हाई कोर्ट ने देश की राजधानी में बढ़ते प्रदुषण को लेकर फटकार लगाई थी। उस समय केजरीवाल ने ऑड-इवन योजना लाकर काफी हद तक प्रदुषण को कम करने की कोशिश की थी। लेकिन केजरीवाल सरकार के मंत्री ने सी एन जी लाइसेंस देने में घोटालेबाजी की। main hindu virodhi neta hun 

हर दर्द की दवा है लोंग

जिससे केजरीवाल द्वारा यह योजना भी विफल रही। उस समय से केजरीवाल सरकार प्रदुषण से लड़ रही है। लेकिन देश की राजधानी दिल्ली में प्रदुषण की स्थिति जस की तस बनी है। इसके जिम्मेवार कही न कही केजरीवाल सरकार ही है। अब इसे हिन्दू वोटरों की बदनसीबी कहे या फिर केजरीवाल की मेहरबानी कहिये कि दिल्ली वासी इस दिवाली फटाखे नहीं फोड़ पाएंगे। जो भी हो हत्या तो लोकतंत्र का ही हो रहा है। main hindu virodhi neta hun 

( प्रवीण कुमार )