नीतीश कुमार की दोहरी राजनीति से सोनिया और लालू की बोलती बंद




बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जिस प्रकार से राष्ट्रपति चुनाव के लिए एनडीए के उम्मीदवार को समर्थन दिया इसके बाद से कांग्रेस और राजद की सिट्टी पिट्टी गुम हो गई है। राजद अब जदयू को मनाने निकल पड़ी है लेकिन बिना रणनीति के। राष्ट्रपति के चुनाव में ऐसा पहली बार हो रहा है कि विपक्ष की रणनीति को सत्ताधारी ने मटियामेट कर दिया। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार प्रदेश में महागठबंधन की सरकार चला रहे हैं जिसमें राजद और कांग्रेस भी शामिल है। nitish ki dohri rajniti 

कांग्रेस और राजद मात खा गई

नीतीश कुमार बड़ी तेजी के साथ कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिले। लेकिन निर्णय लेने में सोनिया गांधी ने देरी क्या की नीतीश कुमार ने विपक्ष का साथ न देने का मन बना लिया। दरअसल इससे यह साफ हो गया कि यह सब केवल 2019 के लोकसभा चुनाव को देखते हुए किया गया है। जहां भाजपा को डर है कि बिहार ही इस बार उन्हें आम चुनाव में दगा दे सकता है इसलिए विपक्ष में ही फूट डालो। nitish ki dohri rajniti 

इसमें वे सफल हुए लेकिन नीतीश कुमार अपने प्रदेश के चुनाव को देख रहे हैं जो 2021 में होंगे। साफ है एक हाथ लो दूसरे हाथ दो। लोकसभा में भाजपा को जदयू साथ देगा तो इसके बाद विधानसभा में नीतीश कुमार को साथ चाहिए। विपक्ष के केंद्र में सोनिया गांधी हैं जो कोई रणनीति बनाने और उसे लागू करने के लिए इंतजार करती हैं कि उनके पास सत्ता अपने आप आ जाए। जो अब की राजनीति में दिख नहीं रही। nitish ki dohri rajniti 

नीतीश की राजनीति ज्यादा सटीक है

यहीं कांग्रेस पिछड़ रही है। जिस प्रकार से तेजी से समाचार बदले हैं उतनी ही तेजी के साथ राजनीति भी बदली है जहां निर्णय लेकर आगे बढ़ना होता है। नीतीश कुमार इसमें सबसे आगे हैं। अब तो राजनीती में यह कहा जा रहा है कि निर्णय लेना कोई नीतीश कुमार से सीखें। nitish ki dohri rajniti 

नितीश कुमार गद्दार है वो हमलोगों को धोखा दे रहा है : लालू यादव

नीतीश कुमार ने यह साफ बता दिया है कि चाहे किसी से भी समर्थन से सरकार क्यों न चला रहे हो। पर जहां तक नीति और सिद्धांत की बात है तो वे किसी से नीति और सिद्धांत को उधार नहीं लेंगे। भले ही इसे राजनीति की परिभाषा में दोहरी राजनीति कहा जाता है लेकिन आज की राजनीति में सफल होने के लिए नीतीश की राजनीति ज्यादा सटीक है। यही कांग्रेस और राजद मात खा गई। nitish ki dohri rajniti