मुझमें मोदी और योगी जैसी प्रतिभा और गुण है : तेजप्रताप यादव




राष्ट्रिय जनता दल के नेता और बिहार के शिक्षा मंत्री तेजप्रताप यादव अपने सखा और सुरक्षा गार्ड के साथ दो एयर कंडीशन बस लेकर वृन्दावन को रवाना हुए है। ये रवानगी ज्योतिष के निर्देशानुसार हुई है। हालांकि, तेजप्रताप यादव ने रवाना होने से पूर्व कहा कि वे अपने पिता के जन्मदिन से पूर्व बिहार लौट आएंगे। विश्वस्त सूत्रों से पता चला है कि बिहार के शिक्षा मंत्री तेजप्रताप यादव की ये वृन्दावन यात्रा किसी बड़े पद प्राप्ति के लिए है। tezpratap yadav vrindavan tour

बता दें कि पिछले कुछ दिनों से तेजप्रताप यादव ज्योतिष की लगातार सलाह ले रहे है। जिससे बिहार की राजनीति में सरगर्मी तेज़ हो गयी है। वैसे कुछ राजनैतिक पंडितों की माने तो तेजप्रताप ये सब अपने पापो को छुपाने के लिए कर रहे है। हाल ही में जिस तरह से लालू परिवार के अवैध सम्पत्ति का उजागर हुआ है। tezpratap yadav vrindavan tour

मंदिर की परिक्रमा करने से पाप नष्ट नहीं होते है

उससे पूरा यादव परिवार सदमे में है। शायद, इसी सबसे बचने के लिए तेजप्रताप ये सब धार्मिक कर्मकांड कर रहे है। पिछले दिनों उन्होंने ज्योतिष के आदेशों का पालन करते हुए अपने घर के मुख्य द्वार को उत्तर की तरफ कर लिए है। जिससे आसपास रहने वाले झुग्गी झोपडी वालों के घरों को जबरन तोड़ दिया गया और उन सबको बिहार के शिक्षा मंत्री ने बेघर कर दिया। tezpratap yadav vrindavan tour

अब ज्योतिष के आदेश अनुसार तेजप्रताप वृन्दावन की यात्रा पर निकले। तेज़ प्रताप की माने तो उन्हें तीन दिन तक निर्जला उपवास करना है और सुबह शाम कृष्ण जी की पूजा करनी है। यात्रा के दौरान उन्हें ‘ओम कृष्णाय नमः, ओम वासुदेवाय नमः’ मंत्र का जाप करना है। आज सुबह जूनियर यादव ने मंदिर में पूजा की और माता राबड़ी देवी की प्रणाम कर विदा हुये। जाते वक्त तेजप्रताप ने माता को आश्वासन दिया कि वे 11 जून को बिहार लौट जायेंगे। tezpratap yadav vrindavan tour

बिहार के लिए नुकसानदेह है

विदित रहे कि तेज़ प्रताप यादव पिछले दिनों भी वृन्दावन की यात्रा पर गए थे। जंहा उन्हें मंदिर के पुजारी ने बांसुरी उपहार में दिया था। उस वक्त तेज़ प्रताप ने भगवान् कृष्ण के गेटउप में आकर फोटो शेयर किया था। जिससे तेज़ प्रताप काफी चर्चा में रहे थे। tezpratap yadav vrindavan tour

मैं अपने बाप, दादा के नक्शेकदम पर चल रहा हूँ इसलिए मैं दलितों, मुसलमानो और किसानो की परवाह करता हूँ : राहुल गाँधी

तेजप्रताप यादव के इस धार्मिक कर्मकांड से सभी हैरान है। हालांकि, धर्म का अनुसरण और पालन करना गलत नहीं है लेकिन यदि वे बिहार सरकार के राजस्व पूंजी से बाह्य आडम्बर कर रहे है तो ये बिहार के लिए नुकसानदेह है। वैसे भी, पहले पाप कर ले बाद में मंदिर की परिक्रमा करने से पाप नष्ट नहीं होते है। व्यक्ति को अपने पापों का भोगना पड़ता है। tezpratap yadav vrindavan tour

( प्रवीण कुमार )