डायरिया से बचाव को सघन दस्त नियंत्रण पखवाड़ा शुरू

 – सीएस, एसीएमओ व डीआइओ ने दीप प्रज्जवलीत कर किया कार्यक्रम का उद्घाटन- आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर हाथ धोने और ओआरएस का लाभ व विधि समझाएंगी- डायरिया से बचाव व सुरक्षा के लिए बच्चों के परिजनों को जागरूक करना है लक्ष्य 

लखीसराय, 16 सितम्बर: 

जिले में डायरिया से होने वाली मौतों को कम करने और बच्चों के परिजनों को उनकी सेहत को लेकर जागरूक करने के लिए बुधवार को सदर अस्पताल के प्रांगन में ‘सघन दस्त नियंत्रण पखवाड़ा’ का शुभारंभ हुआ। लखीसराय के सिविल सर्जन डॉ. आत्मानंद कुमार, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर देवेन्द्र डी चौधरी और जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉक्टर अशोक कुमार भारती ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्जवलीत कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की। कार्यक्रम के बाद डॉक्टर अशोक कुमार भारती ने बताया कि इस अभियान के दौरान जिले भर में आशा कार्यकर्ता बच्चों और उनके अभिभावकों को घर-घर जाकर हाथ धोने का लाभ, हाथ धोने का तरीका, ओआरएस के लाभ व तैयार करने की विधि समझाएंगी। साथ ही प्रत्येक घर में बच्चों की संख्या और जरूरत के अनुसार ओआरएस पैकेट और जिंक टेबलेट और वितरण करेंगी।  ओआरएस का घोल व जिंक की टेबलेट दी जाएगी:डॉक्टर अशोक कुमार भारती ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान पांच साल तक के बच्चों को ओआरएस का घोल व जिंक की टेबलेट दी जाएगी। इससे बच्चों में उल्टी व दस्त आदि की रोकथाम की जा सकेगी। साथ ही उनके पोषण को लेकर भी माताओं को जागरूक किया जाएगा। बच्चे के छह माह से ज्यादा होने पर उसे उपरी अल्पाहार और उसके बाद के बच्चों को पूर्ण आहार देने का तरीका और महत्व बताया जाएगा।   साबुन से हाथ धोने और स्वच्छता अपनाने पर जोर:डॉक्टर अशोक कुमार भारती ने बताया कि दस्त व निर्जलीकरण से होने वाली मृत्यु को ओआरएस व जिंक की गोली के साथ पर्याप्त पोषण देकर रोका जा सकता है। दस्त की रोकथाम के लिए साफ व स्वच्छ पानी पीना, समय समय पर हाथों को अच्छे से साबुन से हाथ धोना, साफ सफाई का ख्याल रखने का अहम योगदान होता है। इन आदतों को अगर लोग अपनाएंगे और बच्चों में शुरू से इसकी आदत डालेंगे तो इसका दूरगामी परिणाम होगा। अभियान के दौरान लोगों को इसपर जागरूक करने का भी कार्य किया जाएगा।  ओआरएस के पैकेट व जिंक की गोलियां पहुंचाना होगा सुनिश्चित:डॉक्टर अशोक कुमार भारती ने कहा कि पखवाड़े के दौरान आशा द्वारा आम घरों तक पोषण, स्वच्छता, पौष्टिक आहार, हाथ धोने के सही तरीके तो बताए जाएंगे ही, इस अभियान के माध्यम से 2 माह से 5 साल तक के दस्त से पीडित बच्चों तक ओआरएस के पैकेट व जिंक की गोलियां पहुंचाना सुनिश्चित किया जाएगा। विभाग ने अभियान संबंधी सभी तैयारियां पूर्ण कर ली हैं। अभियान की सपफलता के लिए इसकी निगरानी भी की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *