देश

तम्बाकू मुक्त समाज और देश बनाने के लिए दंडात्मक शुल्क वसूली के साथ जन- जागरूकता भी जरूरी : जिलाधिकारी

 

– सन 2003 में देशभर में लागू हुआ तम्बाकू नियंत्रण अधिनियम (कोटपा) 

– सन 2013 में तम्बाकू मुक्त जिला घोषित किया गया मुंगेर 

– तम्बाकू नियंत्रण के प्रावधानों के उल्लंघन पर टोल फ़्री नंबर 800110456 पर कॉल कर सकते हैं शिकायत 

मुंगेर, 16 मार्च-

तम्बाकू मुक्त समाज और देश के निर्माण के लिए दंडात्मक शुल्क वसूली के साथ- साथ जन- जागरूकता भी जरूरी । उक्त बात जिला तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत आयोजित उन्मुखीकरण कार्यक्रम और जिला स्वास्थ्य समन्वय समिति की बैठक को सम्बोधित करते हुए जिलाधिकारी नवीन कुमार ने कही। उन्होंने बताया कि  स्वस्थ्य समाज और स्वस्थ देश से ही वास्तविक विकास संभव है। तम्बाकू नियंत्रण का यह पुनित कार्य सभी संबंधित विभागों के आपसी समन्वय से ही संभव है। इसके लिए सभी सरकारी भवनों में धूम्रपान और तम्बाकू मुक्त सन्देश का प्रचार-प्रसार आवश्यक है। तम्बाकू नियंत्रण प्रावधानों के विकास के रूप में आर्थिक मजबूती प्रदान करने के लिए मनरेगा और श्रम विभाग से समन्वय स्थापित करने कर सम्भावना तलाशने की आवश्यकता है। इस अवसर पर उन्होंने नगर निगम क्षेत्र में तम्बाकू नियंत्रण के लिए सतत छापेमारी करने का निर्देश दिया । उन्होंने बताया कि सभी विभागों के आपसी समन्वय से ही तम्बाकू मुक्त समाज का निर्माण हो सकता है। तम्बाकू नियंत्रण अधिनियम (कोटपा) के प्रावधानों को लागू करने में नियमित रूप से निगरानी करने की आवश्यकता है । इसके बाद ही इसे प्रभावी ढंग से नियंत्रित किया जा सकता है। 

बैठक में पीपीटी के माध्यम से प्रजेंटेशन देते हुए जिला गैर संचारी रोग पदाधिकारी डॉ. के . रंजन ने बताया कि सन 2003 में तम्बाकू नियंत्रण अधिनियम  के प्रावधानों को लागू किया गया । सन 2013 में मुंगेर जिला को तम्बाकू मुक्त जिला घोषित किया गया। उस समय से ही मुंगेर ने इस दिशा में अपनी महत्वपूर्ण पहचान बनाई है। इस अवसर पर उन्होंने कोटपा के विभिन्न प्रावधानों की चर्चा करते हुए बताया कि धारा 4 के तहत सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान को निषेध किया गया है। वहीं धारा 5 के तहत प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष विज्ञापन को प्रतिबंधित किया गया है। इसके धारा 6 के तहत 18 वर्ष से कम आयु के ब्यक्ति को तम्बाकू बेचने या शैक्षणिक संस्थानों के 100 गज के दायरे में तंबाकू उत्पाद बेचने पर पाबंदी लगायी गयी है। धारा 7 के तहत सभी तंबाकू उत्पादों पर सचित्र स्वास्थ्य संबंधित चेतावनी को प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है। उन्होंने बताया कि इन सभी प्रावधानों के उल्लंघन होने पर भारत सरकार के टोल फ्री नंबर 800110456 या शिकायत या अधिसूचित पुलिस पदाधिकारी से सम्पर्क किया जा सकता है। 
उन्होंने बताया कि नेशनल टोबैको कंट्रोल प्रोग्राम के तहत सन 2021- 22 में कुल 336 लोगों की काउंसलिंग की गई। वहीं स्क्रीनिंग की वाईओवाई परफॉर्मेंस के अनुसार मुंगेर जिला में सन 2020 में 6981 और 2021 में 8934 लोगों की स्क्रीनिंग की गई। इसके साथ ही यदि मुंगेर जिला में 2021 में सबसे कम और अधिक लोगों की स्क्रीनिंग की बात की जाय तो जुलाई सबसे कम 112 और दिसम्बर में सबसे अधिक 2286 लोगों की स्क्रीनिंग हुई। सन 2022 के तीन महीनों जनवरी में 1581, फरवरी में 1310 और 14 मार्च तक कुल 655 लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है।

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